तेहरान/ तेल अवीव : इजरायल-अमेरिका का ईरान के साथ चल रहे युद्ध के बीच ईरान ने सोमवार को मोजतबा खामेनई को अपना नया सर्वोच्च नेता नियुक्त किया।
ईरान की मेहर न्यूज एजेंसी (एमएनए) ने बताया, “इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान की विशेषज्ञों की परिषद (असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स) ने सोमवार तड़के अयातुल्ला सैय्यद मोजतबा खामेनेई को इस्लामिक क्रांति का तीसरा नेता घोषित किया।”
आठ सितंबर 1969 को मशहद में जन्मे मोजतबा खामेनेई, अली खामेनेई के दूसरे बेटे हैं। उनका चुनाव 88 सदस्यीय ‘असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स’ ने किया। वह ईरान के राजनीतिक हलके में एक चर्चित शख्सियत हैं, तथा ईरान रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के बीच भी काफी लोकप्रिय हैं।
यमन के हूती समूह ने मोजतबा खामेनेई को ईरान का नया सर्वोच्च नेता नियुक्त किए जाने का स्वागत किया है और इसे ईरान के भीतर एकता और शक्ति का प्रतीक बताया है। एक बयान में, समूह की ‘सुप्रीम पॉलिटिकल काउंसिल’ ने इस नियुक्ति पर ईरानी नेतृत्व और जनता को बधाई दी। बयान में कहा गया कि यह फैसला ‘अत्यधिक महत्वपूर्ण और निर्णायक मोड़’ पर लिया गया है।
ईरान ने अपने नये सर्वोच्च नेता के चयन के साथ ही इजरायल और अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर नये हमले किये हैं। इन हमलों में ड्रोन के साथ-साथ हाइपरसोनिक और बैलिस्टिक मिसाइलों का भी इस्तेमाल किया गया।
संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के अधिकारियों ने बताया कि राजधानी अबू धाबी में हुए हवाई हमलों को रोक लिया गया लेकिन रोके गये इन हमलों का मलबा दो अलग-अलग स्थानों पर गिरने से दो लोग घायल हो गये हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ‘द टाइम्स ऑफ इज़राइल’ के साथ एक टेलीफोन साक्षात्कार में कहा है कि ईरान के साथ जारी संघर्ष को कब समाप्त करना है इसका निर्णय इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ मिलकर लिया जाएगा।
श्री ट्रम्प ने कहा, “मुझे लगता है कि यह कुछ हद तक आपसी है। हम बात कर रहे हैं। मैं सही समय पर फैसला लूँगा लेकिन हर बात को ध्यान में रखा जाएगा।” उन्होंने सुझाव दिया कि अंतिम फैसला उनका होगा, लेकिन श्री नेतन्याहू के विचारों पर भी विचार किया जाएगा।
इस बीच अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने सुरक्षा जोखिमों के कारण सऊदी अरब से गैर-आपातकालीन सरकारी कर्मचारियों और उनके परिवार के सदस्यों को देश छोड़ने का आदेश दिया है।
