वॉशिंगटन/कीव। अमेरिकी कारोबारी एलन मस्क ने कथित तौर पर यूक्रेन को रूस के अंदर गहराई तक ड्रोन हमले करने के लिए अपनी स्टारलिंक उपग्रह इंटरनेट सेवा का इस्तेमाल करने की अनुमति देने से इनकार कर दिया है। यह दावा यूक्रेन के पूर्व रक्षा मंत्री मिखाइल फेडोरोव के दो करीबी सहयोगियों के हवाले से सामने आया है। मस्क के इस कथित रुख को यूक्रेन की सैन्य रणनीति के लिए चुनौती माना जा रहा है।
फेडोरोव के सहयोगियों ने मस्क से रुख बदलने की अपील की
रूस के अंतरराष्ट्रीय समाचार टेलीविजन नेटवर्क आरटी ने अमेरिकी पत्रिका द अटलांटिक के हवाले से बताया कि ड्रोन युद्ध के प्रमुख समर्थक और तकनीकी मामलों के जानकार मिखाइल फेडोरोव को पिछले महीने उनके पद से हटा दिया गया था। इसके बाद उनके सहयोगियों ने कथित तौर पर मस्क से स्टारलिंक के इस्तेमाल को लेकर अपना रुख बदलने की अपील की, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक फैसला नहीं हुआ है।
फेडोरोव के एक सहयोगी के मुताबिक, मस्क लगातार यह संदेश दे रहे हैं कि अब रूस और यूक्रेन के बीच समझौते का समय आ गया है। वहीं, फेडोरोव को पद से हटाए जाने के फैसले के बाद यूक्रेन में भी चर्चा तेज हुई है। रिपोर्टों के मुताबिक, फेडोरोव की रणनीतिक प्राथमिकताओं और सैन्य नेतृत्व के बीच मतभेद थे।
रिपोर्ट के अनुसार, पिछले महीने अमेरिका यात्रा के दौरान यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मस्क को प्रभावित करने में मदद मांगी थी। हालांकि, रिपोर्ट के मुताबिक ट्रंप ने इस मामले में कोई ठोस आश्वासन नहीं दिया।
युद्ध शुरू होते ही यूक्रेन को मिले थे स्टारलिंक टर्मिनल
रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के कुछ ही समय बाद मस्क की कंपनी स्पेसएक्स ने यूक्रेन को हजारों स्टारलिंक टर्मिनल उपलब्ध कराए थे। युद्ध के दौरान यह सेवा यूक्रेनी सेना और नागरिक संचार के लिए महत्वपूर्ण बनी रही। कठिन परिस्थितियों में संचार व्यवस्था बनाए रखने में स्टारलिंक की अहम भूमिका रही है।
हालांकि, समय के साथ मस्क और यूक्रेनी अधिकारियों के बीच मतभेद बढ़ते गए। मस्क ने कई मौकों पर रूस-यूक्रेन संघर्ष को बातचीत के जरिए खत्म करने की वकालत की और चेतावनी दी कि युद्ध के बढ़ने से व्यापक वैश्विक संघर्ष का खतरा पैदा हो सकता है।
क्रीमिया में हमले को लेकर भी मस्क ने नहीं दी थी मंजूरी
स्टारलिंक के सैन्य इस्तेमाल को लेकर मस्क का रुख पहले भी चर्चा में रहा है। 2023 में ऐसी खबरें सामने आई थीं कि मस्क ने यूक्रेन के उस अनुरोध को स्वीकार नहीं किया था, जिसमें रूस के कब्जे वाले क्रीमिया के पास रूसी काला सागर बेड़े पर हमला करने के लिए स्टारलिंक का इस्तेमाल करने की मांग की गई थी।
उस समय मस्क ने कहा था कि ऐसा करने से उनकी कंपनी स्पेसएक्स सीधे तौर पर युद्ध और संघर्ष को बढ़ाने वाली कार्रवाई में शामिल हो जाती।
रूसी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता मारिया जखारोवा ने पिछले महीने कहा था कि अगर मस्क वास्तव में चाहते हैं कि यूक्रेन में लोगों की मौत बंद हो, तो उन्हें वहां स्टारलिंक सेवा पूरी तरह बंद कर देनी चाहिए।
यूक्रेन के लिए क्यों अहम है स्टारलिंक?
मस्क का कथित मौजूदा रुख यूक्रेन की सैन्य और कूटनीतिक रणनीति के लिए चुनौती माना जा रहा है। युद्ध के दौरान स्टारलिंक यूक्रेनी सेना के संचार और सैन्य अभियानों में महत्वपूर्ण तकनीकी संसाधन रहा है। ऐसे में रूस के अंदर गहरे ड्रोन हमलों के लिए स्टारलिंक के इस्तेमाल की अनुमति नहीं मिलने से यूक्रेन की कुछ सैन्य योजनाओं पर असर पड़ सकता है।
स्टारलिंक को लेकर सामने आई इस रिपोर्ट के बीच यूक्रेन को रूसी हवाई हमलों से निपटने के लिए वायु रक्षा प्रणाली की कमी की चिंता भी बनी हुई है। जेलेंस्की और यूक्रेनी सैन्य अधिकारियों ने हाल के दिनों में देश के शहरों पर रूसी हमलों के खिलाफ पर्याप्त अवरोधक मिसाइलें उपलब्ध होने को लेकर चिंता जताई है।
कुल मिलाकर, स्टारलिंक को लेकर मस्क का कथित रुख यूक्रेन के लिए एक अहम चुनौती है, क्योंकि यह तकनीक युद्ध के दौरान यूक्रेनी संचार और सैन्य अभियानों का महत्वपूर्ण हिस्सा रही है। हालांकि, रूस के अंदर गहरे हमलों के लिए स्टारलिंक के इस्तेमाल को लेकर मस्क के मौजूदा निर्णय की स्वतंत्र पुष्टि अभी स्पष्ट नहीं है।


