औरैया। उत्तर प्रदेश के औरैया जनपद के अजीतमल कोतवाली क्षेत्र के ग्राम छीतापुर में सोमवार देर रात दर्दनाक हादसा हो गया। पड़ोसी के कच्चे मकान की जर्जर दीवार अचानक भरभराकर टीन शेड के ऊपर गिर गई। टीन शेड के नीचे सो रहा एक ही परिवार के पांच लोग मलबे में दब गए। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। परिजनों और ग्रामीणों ने तत्काल राहत-बचाव शुरू किया। सूचना मिलते ही पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से सभी पांचों लोगों को मलबे से बाहर निकाला। घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अजीतमल ले जाया गया, जहां उपचार के बाद धीरेंद्र सिंह सेंगर को गंभीर हालत में रेफर कर दिया गया।
रात करीब सवा 12 बजे भरभराकर गिरी दीवार
ग्राम छीतापुर निवासी धीरेंद्र सिंह सेंगर सोमवार रात अपनी पत्नी प्रीति, पुत्री आरती, अंकिता और पुत्र अंकुश के साथ घर के आंगन में बने टीन शेड के नीचे सो रहे थे। रात करीब सवा 12 बजे अचानक पड़ोसी के एक मंजिला कच्चे मकान की जर्जर दीवार भरभराकर टीन शेड के ऊपर जा गिरी। दीवार गिरने से धीरेंद्र सिंह समेत परिवार के पांचों सदस्य मलबे में दब गए।
हादसे की तेज आवाज और चीख-पुकार सुनकर घर के बाहर बने कमरे में सो रहे धीरेंद्र के बड़े भाई विपिन और उनकी पत्नी पूजा मौके पर पहुंचे। उन्होंने आसपास के लोगों को बुलाया और मलबा हटाने का प्रयास शुरू किया। साथ ही पुलिस को घटना की सूचना दी गई।
पुलिस और अग्निशमन टीम ने पांचों को निकाला
सूचना मिलते ही पुलिस क्षेत्राधिकारी मनोज गंगवार, कोतवाल विनोद राजपूत, पुलिसकर्मी विकास यादव व सुंदर तथा अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस और अग्निशमन कर्मियों ने ग्रामीणों की मदद से मलबा हटाकर उसमें दबे पांचों लोगों को बाहर निकाला। सभी घायलों को 108 एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अजीतमल पहुंचाया गया। चिकित्सकों ने धीरेंद्र सिंह की हालत गंभीर देखते हुए उन्हें आगे के उपचार के लिए रेफर कर दिया।
परिजनों ने पहले ही दीवार को लेकर जताई थी चिंता
हादसे के बाद पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया कि पड़ोसी के मकान की जर्जर कच्ची दीवार को हटाने के लिए संबंधित लोगों से कई बार कहा गया था। परिजनों के मुताबिक, दो दिन पहले भी दीवार से कुछ ईंटें गिर चुकी थीं। उस समय भी मकान में रहने वाले लोगों को दीवार की जर्जर स्थिति के बारे में बताया गया था, लेकिन इसके बावजूद दीवार को नहीं हटाया गया। परिजनों का आरोप है कि इसी लापरवाही के कारण देर रात दीवार गिरने से यह हादसा हुआ।
मामले की जानकारी मिलने के बाद राजस्व लेखपाल अमित तिवारी के साथ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे नायब तहसीलदार अशोक कुमार ने बताया कि घटना की जांच कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर शासनादेश के अनुसार पीड़ित परिवार को अनुमन्य राहत उपलब्ध कराई जाएगी। वहीं पुलिस क्षेत्राधिकारी मनोज गंगवार ने भी मामले की जांच किए जाने की बात कही है।



