गुवाहाटी/डिब्रूगढ़: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को कहा कि भारत-यूरोपीय संघ (ईयू) मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) से असम के चाय उद्योग को फायदा मिलेगा और डिब्रूगढ़ से सभी 27 ईयू देशों में बिना किसी टैरिफ के चाय का निर्यात करने में मदद मिलेगी।
श्री शाह ने डिब्रूगढृ में एक जनसभा को संबोधित करते हुये यह बात कही। उन्होंने इस अवसर पर डिब्रूगढ़ में 825 करोड़ रुपये की कई परियोजनाओं की आधारशिला रखी।
उन्होंने कहा कि असम के डिब्रूगढ़ को 27 ईयू देशों के साथ हुये मुक्त व्यापार समझौते का बड़ा फायदा मिलने वाला है। इस मुक्त व्यापार समझौता से डिब्रूगढ़ की चाय को बिना किसी शुल्क के सभी 27 ईयू देशों तक पहुंचाने में मदद करेगा।
श्री शाह ने कहा कि इस समझौते से प्रधानमंत्री मोदी ने असम की चाय के लिए एक बड़ा बाजार खोल दिया है। इससे हमारी असम की चाय पेरिस से बर्लिन तक उपलब्ध होगी। रैली को संबोधित करते हुए श्री शाह ने डिब्रूगढ़ में असम के दूसरे विधानसभा भवन की आधारशिला रखने के कदम को भी ऐतिहासिक बताया।
उन्होंने कहा कि यह असम के लिए एक ऐतिहासिक दिन है क्योंकि डिब्रूगढ़ में नये असम विधानसभा भवन की आधारशिला रखी गयी है। जब यह परिसर तैयार हो जाएगा, तो इससे ऊपरी असम क्षेत्र के लोगों को सुशासन का लाभ उठाने में आसानी होगी।
श्री शाह ने कहा कि डिब्रूगढ़ में वन्यजीव अनुसंधान संस्थान भी बनेगा, जो लोगों के लिए नए अवसर खोलेगा। उन्होंने डिब्रूगढ़ में एक बहु-विषयक खेल परिसर के पहले चरण का भी उद्घाटन किया, जो युवाओं को विभिन्न खेलों के लिए उचित बुनियादी ढांचा और प्रशिक्षण प्रदान करेगा।
श्री शाह ने असम को बाढ़ मुक्त बनाने की भाजपा की प्रतिबद्धता को दोहराते हुए कहा कि 15 वैज्ञानिकों की निगरानी में जल निकायों को विकसित करने का काम चल रहा है, जहां ब्रह्मपुत्र नदी का अतिरिक्त पानी छोड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय आपदा शमन कोष के तहत आर्द्रभूमि के इस जीर्णोद्धार और कायाकल्प से जल प्रतिधारण में सुधार होगा, शहरी बाढ़ कम होगी और ब्रह्मपुत्र नदी बेसिन में बाढ़ प्रबंधन मजबूत होगा।
