नई दिल्ली ; युवाओं में मोबाइल और ऑनलाइन गेमों की आदत से होने वाले दुष्परिणामों पर रोक लगाने के लिए जनांदोलन शुरू किये जाने की राज्यसभा में मंगलवार को मांग की गयी।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सुमित्रा बाल्मीक ने शून्यकाल के दौरान बच्चों और युवाओं में मोबाइल पर आनलाइन गेम की बढती आदत के कारण होने वाले अवसाद की समस्या को उठाया । उन्होंने कहा कि विकसित भारत के सपने को पूरा करना है तो इस चुनौती से निपटना होगा।
सदस्य ने डिजिटल गेमों के दुष्परिणामों के खिलाफ जनांदोलन शुरू करने की जरूरत पर बल दिया। उन्होंने कहा कि कालेजों और स्कूलों में हर सप्ताह एक बार इस बारे में संकल्प लिया जाना चाहिए।
भाजपा की ही गीता उर्फ चंद्रप्रभा ने मंगलवार को राज्यसभा में उत्तर प्रदेश के जनपद औरेया जिले में विभिन्न स्टेशनों पर कोरोना के दौरान बंद किये गये ट्रेनों के ठहराव को फिर से बहाल करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि इन स्टेशनों पर ट्रेनों के नहीं रूकने के कारण अनेक लोग और यात्री प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि ये लोग व्यापारिक गतिविधियों से अपने परिवारों का भरण पोषण करते थे लेकिन कोरोना के दौरान इन स्टेशनों पर ट्रेनों का ठहाराव बंद कर दिया गया। उन्होंने कहा कि इसका यात्रियों और स्थानीय लोगों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है । उन्होंने रेल मंत्री से इस दिशा में ठोस कदम उठाने का अनुरोध किया।
भाजपा के महेन्द्र भट्ट ने उत्तराखंड के जोशीमठ के आस पास के क्षेत्रोंं में रहने वाली आबादी की 73 जातियों को केन्द्र की अन्य पिछड़ा वर्ग की सूची में शामिल किये जाने की मांग की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस बारे में कई बार सिफारिश कर चुकी है। उन्होंने कहा कि यह समाज के समग्र विकास की दिशा में सकारात्मक कदम होगा।
भाजपा की सुमित्रा बाल्मीक ने बच्चों में मोबाइल पर आनलाइन गेम की बढती आदत के कारण होने वाले अवसाद की समस्या को उठाया।
उन्होंने कहा कि विकसित भारत के सपने को पूरा करना है तो इस चुनौती से निपटना होगा । सदस्य ने डिजिटल गेमों के दुष्परिणामों के खिलाफ जनांदोलन शुरू करने की जरूरत पर बल दिया। उन्होंने कहा कि कालेजों और स्कूलों में हर सप्ताह एक बार इस बारे में संकल्प लिया जाना चाहिए।
बीजू जनता दल की सुलता देव ने रास्तों में घायल होने वाले पशुओं के उपचार का मामला उठाया। उन्होंने इन घायल पशुओं के लिए हर जिले में अस्पताल और एम्बुलेंस की सुविधा शुरू किये जाने की मांग की। उन्होंने इसके लिए एक हेल्पलाइन नम्बर शुरू किये जाने की भी मांग की।
कांग्रेस के मुकुल बालकृष्ण वासनिक ने बजट से एक दिन पहले पेश किये जाने वाले आर्थिक सर्वेक्षण की तर्ज पर हर वर्ष सामाजिक न्याय पर वार्षिक रिपोर्ट को संसद में पेश किये जाने की मांग की। उन्हाेंने कहा कि इस रिपोर्ट में देश में सामाजिक न्याय से संबंधित व्यापक आंकड़े शामिल होने चाहिए। इसमें विभिन्न वर्गों के लोगों के साथ असमानता की घटनाओं का भी ब्योरा होना चाहिए।
भाजपा के ब्रजलाल ने देश में विशेष धान की खेती करने वाले किसानों पर समय -समय पर लगायी जाने वाली निर्यात पाबंदियों से संबंधित परेशानियों को उठाया।
