पलामू।अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच छिड़ी जंग को लेकर पेट्रोल-डीजल की किल्लत की अफवाह तेजी से उड़ रहीं है। कुछ पेट्रोल पंप पर तेल की बिक्री बंद कर दी गई है, जबकि कुछ जगहों पर खरीदने के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ रही है। इसका असर पलामू जिले में भी देखने को मिल रहा है।
जिला मुख्यालय मेदिनीनगर में पेट्रोल को लेकर फैली अफवाह के बाद पेट्रोल पंप पर तेल के लिए मारामारी होने लगी है। लोग घंटो लाइन में लगकर पेट्रोल और डीजल अपने वाहनों को फूल टैंक करवा रहे हैं। वहीं अलग से जरकिन (गिलन) लेकर उसमें भी तेल स्टॉक कर रहे हैं।
हालांकि शनिवार तक पेट्रोल की किल्लत को लेकर न तो प्रशासन ने कोई आदेश जारी किया और ना ही सरकार ने, फिर लोग पेट्रोल पम्प पर घंटों लाइन लगकर पेट्रोल भरवाने में लगे। लोगों का कहना है कि युद्ध की वजह से पेट्रोल- डीजल के अलावा रसोई गैस सिलेंडर की किल्लत हो जाएगी। ऐसे में कुछ दिन के लिए पेट्रोल और डीजल स्टॉक कर रहे हैं।
अफवाह में यह बात बताई गई कि अचानक पेट्रोल एवं डीजल की कीमत बढ़ सकती है। पांकी के पेट्रोल पंप पर कार्य करने वाले विवेक कुमार ने बताया कि पेट्रोल और डीजल को लेकर अचानक अफवाह उड़ी, जिसके बाद भीड़ उमड़ी है, पांकी में तीन पेट्रोल पंप हैं लेकिन सिर्फ दो पर ही पेट्रोल मिल रहा है। उन्हाेंने कहा कि कुछ लोग जार में पेट्रोल और डीजल लेकर जा रहे हैं।
पांकी के रहने वाले नीरज कुमार ने बताया कि अफवाह के बाद लोगों को 150 से 160 रुपये प्रतिलीटर पेट्रोल और डीजल मिल रहा है। दरअसल चार मार्च को होली थी, होली के दौरान कई पेट्रोल पंप बंद थे और इससे जुड़े हुए कर्मी भी छुट्टी पर थे। जिस कारण कई इलाकों में पेट्रोल की सप्लाई नहीं हुई थी। कई पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल एवं डीजल नहीं था। होली की छुट्टी के बाद शुक्रवार से जनजीवन सामान्य हुआ है और शनिवार को लोग बड़ी संख्या में घर से बाहर निकले थे।
पेट्रोल और डीजल की किल्लत नहीं-पेट्रोल पंप यूनियन
दरअसल पलामू में 65 पेट्रोल पंप हैं, जहां प्रतिदिन 195000 लीटर के करीब पेट्रोल और डीजल की खपत है। पलामू पेट्रोल पंप यूनियन के अध्यक्ष विनोद कुमार सिंह ने बताया कि पेट्रोल एवं डीजल की किल्लत नहीं है। पहले खूंटी से पेट्रोल एवं डीजल की लोडिंग होती थी, लेकिन कुछ तकनीकी कारणों से जसीडीह से लोडिंग हो रही है। किल्लत को लेकर अफवाह फैलाई जा रही है और लोग बेवजह परेशान हो रहे हैं।
