राँची। मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन की अध्यक्षता में गुरुवार (02 जुलाई 2026) को झारखंड मंत्रालय में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य के विकास और लोक कल्याण से जुड़े कई अत्यंत महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। कैबिनेट ने बुनियादी ढांचे, रोजगार, शिक्षा और चिकित्सा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए कुल 27 प्रस्तावों पर अपनी सैद्धांतिक और प्रशासनिक सहमति प्रदान की है।
कैबिनेट के मुख्य और बड़े फैसले
- रिम्स-2 (RIMS 2) की स्थापना और बड़ा बजट: राजधानी में स्वास्थ्य सेवाओं के ऐतिहासिक विस्तार के लिए ₹41,89,41,26,604 (इकतालीस अरब नवासी करोड़ से अधिक) की भारी-भरकम राशि पर प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। इस महत्वाकांक्षी योजना के कार्यान्वयन के लिए JAGRITI PMU का गठन किया जाएगा। इसके साथ ही ‘आईआईएम रांची’ (IIM Ranchi) को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और ‘एक्सआईएसएस रांची’ (XISS Ranchi) को इंपैक्ट असेसमेंट का कार्य आवंटित किया गया है।
- आदिम जनजातियों (PVTG) को 150 दिन का रोजगार: राज्य सरकार ने आदिम जनजाति समूहों को बड़ी राहत देते हुए मनरेगा के तहत मिलने वाले 100 दिनों के अनिवार्य रोजगार के अतिरिक्त 50 दिनों का अलग से रोजगार (कुल 150 दिन) देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इसके अलावा बैठक में वीबी-जी रामजी योजना पर भी सैद्धांतिक सहमति बनी।
- श्रावणी मेला-2026 की तैयारियां: आगामी राजकीय श्रावणी मेले में सुदृढ़ विधि-व्यवस्था और सुचारू यातायात संधारण के लिए 30 जुलाई से 28 अगस्त 2026 तक 28 अस्थायी मेला ओपी (Outpost) और 19 अस्थायी यातायात ओपी के गठन को हरी झंडी दी गई है।
- विदेशी मेडिकल ग्रेजुएट्स को वजीफा (Stipend): राज्य के मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों में इंटर्नशिप कर रहे विदेशी आयुर्विज्ञान स्नातकों (FMGs) को राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC) के नियमों के तहत राज्य चिकित्सा परिषद में निबंधन के दौरान वृत्तिका (Stipend) की सुविधा देने की स्वीकृति दी गई।
- नई दिल्ली में ‘नेशनल स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन’ को मंजूरी: मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में आगामी 08 और 09 जुलाई 2026 को नई दिल्ली में आयोजित होने वाले “National Stakeholders Consultation-2026” के भव्य आयोजन के प्रस्ताव को मंत्रिपरिषद ने आधिकारिक तौर पर पास कर दिया है।
प्रशासनिक एवं सेवा नियमावली में संशोधन
- शपथ लेना हुआ अनिवार्य: अब झारखंड सरकार के अधीन नवनियुक्त सरकारी सेवकों के लिए नियुक्ति-पत्र प्राप्त करने और पदभार ग्रहण करने के समय “निष्ठा एवं गोपनीयता की शपथ/प्रतिज्ञान” को अनिवार्य कर दिया गया है।
- तीन नई नियमावलियां गठित: राज्य में ‘झारखंड योजना सेवा नियमावली-2026’, ‘झारखंड राज्य समाहरणालय लिपिकीय संवर्ग नियमावली-2026’ और ‘झारखंड राज्य निम्नवर्गीय लिपिक-सह-कंप्यूटर संचालक सेवा संवर्ग नियमावली-2026’ के गठन को स्वीकृति दी गई।
- दागी डॉक्टर बर्खास्त: चाईबासा के बन्दगाँव (कराईकेला) प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थापित चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. शशिकांत प्रसाद को सेवा से बर्खास्त करने की स्वीकृति दी गई है।
सड़क, जल और अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे
- सोन नदी जल बंटवारा समझौता: बाणसागर परियोजना समझौता (1973) के तहत सोन नदी बेसिन अंतर्गत पूर्ववर्ती बिहार राज्य को आवंटित 7.75 MAF जल का बिहार और झारखंड के बीच हुए नए बंटवारे के इकरारनामा प्रारूप पर कैबिनेट ने अपनी सहमति दे दी है।
- सड़क निर्माण के लिए करोड़ों की प्रशासनिक स्वीकृति:
- दुमका (गोविन्दपुर-साहेबगंज ADB पथ): 51.930 किलोमीटर सड़क को पेव्ड शोल्डर सहित दो लेन में चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण के लिए ₹221.40 करोड़ मंजूर।
- पाकुड़ ग्रामीण पथ हस्तांतरण: ग्रामीण कार्य विभाग की 17.910 किलोमीटर लंबी सड़क को पथ निर्माण विभाग को हस्तांतरित करते हुए इसके पुनर्निर्माण के लिए ₹128.20 करोड़ की स्वीकृति।
- साहेबगंज (SH-18 ADB पथ): गोपलांडीह से भोगनाडीह तक सड़क निर्माण, भू-अर्जन और वृक्षारोपण सहित ₹88.84 करोड़ की मंजूरी।
- रांची (धुर्वा-प्रोजेक्ट बिल्डिंग पथांश): धुर्वा गोलचक्कर से पुलिस हेडक्वार्टर तक (2.697 किमी) साइकिल ट्रैक, ब्यूटीफिकेशन और हॉर्टिकल्चर के साथ चौड़ीकरण के लिए ₹36.30 करोड़ स्वीकृत।
- चतरा (सिमरिया-टण्डवा पथ): 26.85 किलोमीटर सड़क की राइडिंग क्वालिटी में सुधार (IRQP) के लिए ₹33.76 करोड़ की प्रशासनिक स्वीकृति।
- बोकारो में नया निजी विश्वविद्यालय: ‘झारखंड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम, 2024’ के तहत चंदनकियारी (बोकारो) में पेमिया ऋषिकेश विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए लेटर ऑफ इंटेंट (LoI) जारी करने की मंजूरी दी गई।
