खूंटी। उपायुक्त मो जावेद हुसैन ने गुरुवार को जिले के माहिल स्थित दुग्ध शीतक केंद्र, किसानों की गौशालाओं और संरक्षित जरबेरा फूल की खेती का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने किसानों की आय बढ़ाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उपायुक्त ने दुग्ध उत्पादन, विपणन व्यवस्था और व्यावसायिक फूलों की खेती को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया।
दुग्ध उत्पादन बढ़ाने पर जोर
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने दुग्ध शीतक केंद्र में प्रतिदिन संग्रहित दूध की मात्रा, गुणवत्ता, किसानों को भुगतान व्यवस्था और दूध प्रसंस्करण की जानकारी ली।
उन्होंने जिला पशुपालन एवं गव्य विकास पदाधिकारी को जिले में अतिरिक्त दुग्ध शीतक केंद्र स्थापित करने के लिए प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया।
इसके बाद उपायुक्त ने किसानों की गौशालाओं का निरीक्षण कर पशुओं के रख-रखाव, टीकाकरण, टैगिंग और स्वास्थ्य जांच की जानकारी ली। उन्होंने सभी पशुओं का समय पर टीकाकरण और नियमित स्वास्थ्य परीक्षण सुनिश्चित करने को कहा।
किसानों ने बताया कि वे दूध के साथ पनीर, घी और अन्य दुग्ध उत्पाद तैयार कर स्थानीय बाजारों में बिक्री कर रहे हैं, जिससे उनकी आय में बढ़ोतरी हो रही है।
जरबेरा खेती से बढ़ रही किसानों की आय
उपायुक्त ने गोबर गैस संयंत्र का भी निरीक्षण किया और क्षेत्र में अधिक संख्या में गोबर गैस प्लांट स्थापित करने की संभावनाओं पर चर्चा की।
इसके बाद उन्होंने माहिल और अनिगड़ा में उद्यान विभाग के सहयोग से हो रही संरक्षित जरबेरा फूल की खेती का जायजा लिया। किसानों ने बताया कि बाजार में जरबेरा फूल की अच्छी मांग है और एक फूल की कीमत तीन से आठ रुपये तक मिल रही है।
उपायुक्त ने जिला उद्यान पदाधिकारी को अधिक से अधिक किसानों को व्यावसायिक फल और फूलों की खेती से जोड़ने का निर्देश दिया। उन्होंने एफपीओ, स्वयं सहायता समूह और सहकारिता समितियों के माध्यम से किसानों को योजनाओं का लाभ पहुंचाने को कहा।
निरीक्षण के दौरान उप विकास आयुक्त प्रवीण कुमार प्रकाश भी मौजूद रहे।


