पलामू। चर्चित जमीन कारोबारी विनीत तिवारी हत्याकांड में पुलिस ने दूसरे आरोपित को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित की गिरफ्तारी उत्तर प्रदेश के झांसी से की गई है। पुलिस के अनुसार वह गिरफ्तारी से बचने के लिए पिछले दो महीने से वहां छिपा हुआ था।
पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर मंगलवार को उसे गिरफ्तार किया और गुरुवार को पलामू लाकर न्यायिक हिरासत में भेज दिया। इस मामले में अब तीन अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी बाकी है, जिनकी तलाश में पुलिस छापेमारी कर रही है।
जमीन विवाद में हत्या का आरोप
पुलिस अधीक्षक कपिल चौधरी ने गुरुवार को एसपी कार्यालय सभागार में पत्रकारों को बताया कि गिरफ्तार आरोपित प्रशांत तिवारी ने पूछताछ में हत्याकांड में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है।
उन्होंने बताया कि विनीत तिवारी और दिलीप तिवारी जमीन कारोबार से जुड़े थे। दोनों के बीच कुछ मामलों को लेकर विवाद था। आरोप है कि 25 अप्रैल 2026 को दिलीप तिवारी के भाई प्रदीप तिवारी उर्फ महाकाल ने प्रशांत तिवारी, रोशन तिवारी और राकेश तिवारी के साथ मिलकर विनीत तिवारी को कार से अगवा किया था।
इसके बाद मारपीट कर गमछे से गला दबाकर उसकी हत्या कर दी गई थी। विनीत तिवारी का शव सदर थाना क्षेत्र के जोरकट से बरामद हुआ था।
अन्य आरोपितों की तलाश जारी
एसपी ने बताया कि इस मामले में दिलीप तिवारी को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। वहीं अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही थी।
सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम को झांसी भेजा गया, जहां कई दिनों तक निगरानी के बाद प्रशांत तिवारी को गिरफ्तार किया गया। पुलिस अब उसकी जानकारी के आधार पर फरार अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई कर रही है।


