रांची। झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने शनिवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को एक खुला पत्र लिखकर बुलेट प्रूफ वाहनों की खरीद और उनके उपयोग पर आपत्ति जताई है।
मरांडी ने अपने पत्र में कहा है कि गृह विभाग द्वारा वर्ष 2024 के अंतिम महीने में मुख्यमंत्री, पूर्व मुख्यमंत्री, राज्यपाल और अन्य अति विशिष्ट व्यक्तियों के आवागमन के लिए 17 बुलेट प्रूफ फॉर्च्यूनर गाड़ियां खरीदी गई थीं, लेकिन इनमें से अधिकांश का समुचित उपयोग नहीं हो रहा है।
उन्होंने दावा किया कि इनमें से तीन गाड़ियां मुख्यमंत्री के लिए, दो राजभवन के लिए और शेष 12 हेडक्वार्टर रैपिड टीम में रखी गई हैं। उनके अनुसार, इन वाहनों में से केवल 3–4 का ही नियमित उपयोग हो रहा है, जबकि बाकी वाहन बेकार पड़े हैं।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि लंबे समय तक उपयोग नहीं होने से वाहन खराब हो जाते हैं, जिससे सरकारी धन की बर्बादी होती है। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि उपयोग ही नहीं होना था, तो इतनी बड़ी खरीद क्यों की गई।
मरांडी ने पूर्व मुख्यमंत्रियों को आवंटित वाहनों की स्थिति पर भी चिंता जताई और कहा कि कई पुराने वाहन 10–12 वर्ष से अधिक पुराने तथा लगभग 2 लाख किलोमीटर चल चुके हैं, जो बार-बार खराब हो जाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें आवंटित वाहन भी जर्जर स्थिति में है।
