आसनसोल : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण के तहत गुरुवार को आसनसोल में भारी उत्साह देखा गया। इस दौरान आसनसोल से तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद और दिग्गज अभिनेता शतुघ्न सिन्हा ने उत्तर विधानसभा क्षेत्र के रविंद्र भवन स्थित महिला संचालित पिंक बूथ (संख्या 39) पर अपना मतदान किया।
वोट डालने के बाद मीडिया से मुखातिब होते हुए ‘बिहारी बाबू’ ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जमकर निशाना साधा।
“जंगलराज की बात करने वाले खुद क्या कर रहे हैं?”
शत्रुघ्न सिन्हा ने प्रधानमंत्री के चुनावी भाषणों पर तंज कसते हुए कहा कि पीएम हर राज्य में जाकर “जंगलराज” की दुहाई देते हैं, लेकिन हकीकत कुछ और ही है। उन्होंने कहा ममता की लहर: बंगाल में किसी परिवर्तन की नहीं, बल्कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के प्रति जबरदस्त समर्थन की लहर है। 4 मई का इंतजार: उन्होंने दावा किया कि मतगणना के दिन केवल ‘ममता जी का जादू’ और ‘जोड़ा फूल’ (TMC का चुनाव चिन्ह) ही नजर आएगा।
एंटी-इन्कम्बेंसी पर तीखा जवाब
जब उनसे बंगाल सरकार के खिलाफ एंटी-इन्कम्बेंसी (सत्ता विरोधी लहर) पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने पलटवार करते हुए कहा— “अगर 11 साल से केंद्र में बैठी भाजपा के खिलाफ एंटी-इन्कम्बेंसी नहीं है, तो बंगाल में यह मुद्दा उठाना सिर्फ जुमलेबाजी है।” उन्होंने भाजपा पर बिहार और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों की जनता को गुमराह करने का आरोप भी लगाया।
पीएम मोदी पर व्यक्तिगत तंज: “फैंसी ड्रेस और गुफा”
प्रधानमंत्री मोदी के साथ अपनी पुरानी मित्रता का जिक्र करते हुए शत्रुघ्न सिन्हा ने उनके चुनाव प्रचार के तरीकों की आलोचना की।
“प्रधानमंत्री मेरे मित्र हैं, लेकिन वह जिस तरह से चुनावी रैलियों में वक्त जाया कर रहे हैं, वह ठीक नहीं है। पिछली बार चुनाव के बाद वह गुफा में फैंसी ड्रेस पहनकर बैठ गए थे, जिसे मीडिया ने खूब उछाला था।”
जनशक्ति बनाम धनशक्ति
शत्रुघ्न सिन्हा ने चुनाव में संसाधनों के असमान वितरण पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा वोटों की कटौती: अभी भी लाखों लोगों के नाम मतदाता सूची से कटे हुए हैं। ताकत का संतुलन: भाजपा के पास ‘धनशक्ति’ और ‘प्रचारशक्ति’ हो सकती है, लेकिन ममता बनर्जी के पास ‘जनशक्ति’ है, जो सबसे ऊपर है।
अंत में उन्होंने खुद को ‘बिहारी बाबू, बंगाली बाबू और सही मायने में हिंदुस्तानी बाबू’ बताते हुए लोगों से लोकतंत्र के इस महापर्व में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की।
