नई दिल्ली। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने प्रयागराज में छात्रों की स्थिति का जिक्र करते हुए केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि रोजगार के लिए वर्षों तक तैयारी करने के बाद भी अवसर नहीं मिलना केवल किसी एक छात्र की परेशानी नहीं, बल्कि ऐसी व्यवस्था की विफलता है जो युवाओं की मेहनत और संघर्ष का उचित परिणाम देने में नाकाम रही है।
छात्र की परेशानी का किया जिक्र
राहुल गांधी ने रविवार को सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक छात्र से हुई बातचीत का हवाला दिया। उन्होंने बताया कि प्रयागराज में एक छात्र ने उनसे कहा कि उसने कई वर्षों तक प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की। परिवार की जमीन तक बेचनी पड़ी और माता-पिता पर कर्ज भी हो गया, लेकिन इसके बावजूद उसके पास रोजगार नहीं है।
राहुल गांधी ने कहा कि यह उस छात्र की हार नहीं है। यह उस व्यवस्था की विफलता है, जिसने युवाओं की मेहनत का उचित मूल्य देने से इनकार कर दिया है।
गृह मंत्री की चुप्पी पर सवाल
कांग्रेस नेता ने छात्रों के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की घटना को 13 दिन बीत चुके हैं, लेकिन गृह मंत्री की ओर से अब तक कोई बयान सामने नहीं आया है।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि माफी मांगने के बजाय सरकार की ओर से क्षमा बांटने की बात की जा रही है। उन्होंने कहा कि विपक्ष छात्रों के मुद्दे पर सरकार से जवाब मांगता रहेगा और इस मांग से पीछे नहीं हटेगा।
छात्रों पर कार्रवाई को लेकर सरकार को घेरा
राहुल गांधी ने कहा कि सरकार यह न समझे कि विपक्ष जवाबदेही की मांग करना बंद कर देगा। उन्होंने आरोप लगाया कि राजधानी की सड़कों पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ लाठी और पैलेट का इस्तेमाल किया गया, लेकिन गृह मंत्री ने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
उन्होंने कहा कि छात्रों के साथ हुई कार्रवाई को लेकर सरकार को जवाब देना होगा और इस पूरे मामले की जिम्मेदारी तय करनी पड़ेगी।


