जमशेदपुर। शहर के विद्यार्थियों और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बुधवार का दिन एक नई उम्मीद लेकर आया। साकची स्थित जेएनएसी (JNAC) की नवनिर्मित ‘दिशोम गुरु मेमोरियल लाइब्रेरी’ का उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने विधिवत उद्घाटन किया।
30 हजार किताबों का खजाना और आधुनिक सुविधाएं
इस लाइब्रेरी को आधुनिक जरूरतों को ध्यान में रखकर पुनर्जीवित किया गया है। यहाँ की मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
विशाल संग्रह: लाइब्रेरी में इतिहास, भूगोल, अर्थशास्त्र और विज्ञान सहित विभिन्न विषयों की लगभग 30,000 पुस्तकें उपलब्ध होंगी।
क्षमता: वातानुकूलित रीडिंग हॉल में एक साथ 120 छात्र बैठकर पढ़ाई कर सकते हैं।
डिजिटल टच: लाइब्रेरी में ई-लाइब्रेरी और डिजिटल सुविधाओं के साथ-साथ एक सभागार (Auditorium) और कॉफी शॉप की भी व्यवस्था है।
निगरानी: व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने के लिए 5 अधिकारियों की एक विशेष टीम गठित की गई है।
1924 से जुड़ा है इतिहास
गौरतलब है कि इस लाइब्रेरी का इतिहास काफी पुराना है। इसकी शुरुआत वर्ष 1924 में टाटा स्टील द्वारा की गई थी, जिसे बाद में 1948 में जेएनएसी को सौंप दिया गया। लंबे समय तक जर्जर स्थिति में रहने के बाद, 2019 में 12 करोड़ रुपये की लागत से इसके पुनर्निर्माण की योजना बनी, जो अब धरातल पर उतरी है।
शिक्षा के क्षेत्र में मील का पत्थर
उद्घाटन के दौरान उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने कहा “यह लाइब्रेरी केवल एक भवन नहीं, बल्कि ज्ञान का केंद्र है। आने वाले समय में यहाँ सुविधाओं और पुस्तकों की संख्या में और वृद्धि की जाएगी ताकि छात्रों को पढ़ाई का बेहतरीन माहौल मिल सके।”
इस अवसर पर जुगसलाई विधायक मंगल कालिंदी और जमशेदपुर पूर्वी की विधायक पूर्णिमा साहू भी उपस्थित थीं। जनप्रतिनिधियों ने इसे क्षेत्र के युवाओं के भविष्य के लिए एक क्रांतिकारी कदम बताया।
