इजराइल, अमेरिका और ईरान के बीच जारी युद्ध आज तीसरे दिन में प्रवेश कर गया है। अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अब तक ईरान के करीब 1,000 ठिकानों पर हमले किए जा चुके हैं। इजराइली सेना का दावा है कि जंग के पहले 30 घंटों में 2,000 से अधिक बम गिराए गए और 700 से ज्यादा फाइटर जेट उड़ानें भरी गईं।
ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए इजराइल समेत 9 देशों में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। रविवार को हुए हमले में तीन अमेरिकी सैनिकों की मौत हो गई, जबकि पांच घायल हुए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि जब तक इन मौतों का बदला नहीं लिया जाता, तब तक कार्रवाई जारी रहेगी।
इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में तेहरान पर हमले और तेज किए जाएंगे।
शनिवार को शुरू हुई इस लड़ाई के पहले दिन ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत की खबर सामने आई। हमलों में 48 ईरानी नेताओं के मारे जाने की भी सूचना है। इसके बाद ईरान में सत्ता संचालन के लिए अस्थायी तीन सदस्यीय समिति बनाई गई है, जिसमें राष्ट्रपति मसूद पजश्कियान, न्यायपालिका प्रमुख मोहसेनी एजेही और धर्मगुरु अलीरजा अराफी शामिल हैं।
इजराइल और अमेरिका ने राजधानी तेहरान समेत 10 बड़े शहरों को निशाना बनाया है। अब तक 200 से ज्यादा लोगों की मौत और 740 से अधिक के घायल होने की खबर है। एक स्कूल पर मिसाइल गिरने से 180 छात्राओं की मौत और 45 के घायल होने की सूचना ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय को झकझोर दिया है। स्थिति बेहद तनावपूर्ण बनी हुई है।
