आसमान से बरसाए जा रहे इजराइल, ईरान, कुवैत और लेबनान में आग के गोले

तेहरान। विश्वसमुदाय के चौतरफा दबाव में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की लड़ाई समाप्त करने की परोक्ष कोशिशों को ईरानी नेतृत्व ने अविश्वास जता कर खारिज कर दिया है। हर पल बिगड़ते हालात के बीच अमेरिका ने अरब देशों से अपने नागरिकों को निकालने के लिए परामर्श जारी किया है। पश्चिमी एवं खाड़ी देशों में ताज़ा मीडिया रिपोर्टों के अनुसार इजराइल, ईरान, कुवैत और लेबनान में घमासान मचा हुआ है। ईरान हर उस अरब देश पर हमला कर रहा है जो अमेरिकी सेना की मेजबानी करता है या उसका सहयोगी है। अमेरिका ने अपने नागरिकों से फौरन इराक छोड़ने को कहा है। चारों ओर रॉकेट, मिसाइल और ड्रोन के हमलों में आसमान से धरती पर लगातार आग के गोले गिराए जा रहे हैं। अल जजीरा चैनल की रिपोर्ट के अनुसार, इजराइली सेना (आईडीएफ) ने कहा है कि आज तेहरान में ताबड़तोड़ हमला किया गया है। आईडीएफ का दावा है कि कल ईरान की राजधानी तेहरान में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) के एक बड़े बुनियादी ढांचे को जमींदोज कर दिया गया। आईडीएफ ने टेलीग्राम चैनल बयान जारी कर लिखा, तेहरान में जिन ठिकानों को निशाना बनाया गया, उनमें आईआरजीसी का एक महत्वपूर्ण जमीनी सैन्य अड्डा भी शामिल था। एक अन्य सैन्य मुख्यालय पर भी हमला किया। वहां कमांडर मौजूद थे। तबरीज़ में एक बैलिस्टिक मिसाइल भंडारण केंद्र को उड़ा दिया गया। बयान में दावा किया गया है कि युद्ध की शुरुआत से अब तक इजराइल ने पूरे ईरान में आईआरजीसी और ईरान की सेना के सैकड़ों ठिकानों को निशाना बनाया है।ईरान को ट्रंप का दुष्चक्र बर्दाश्त नहींः इस बीच ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाई ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्र के नाम संबोधन पर आज तीखी प्रतिक्रिया दी। बगाई ने कहा, ”हम युद्ध, बातचीत, संघर्ष-विराम और फिर उसी पैटर्न को दोहराने के इस दुष्चक्र को बर्दाश्त नहीं करेंगे।” उन्होंने इस संघर्ष को न सिर्फ ईरान बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए विनाशकारी बताया। बगाई ने कहा कि हमारी सेना हर हमले का मुकाबला करने को तैयार है। उन्होंने कहा कि यह युद्ध ईरान पर थोपा गया है। ईरान के पास मुकाबला करने के अलावा कोई और चारा नहीं है। तेहरान में 33 हजार घरों को नुकसानः तेहरान पर जारी हमलों के बीच तेहरान के मेयर के प्रवक्ता अब्दोलमोहर मोहम्मदखानी ने कहा कि अमेरिका-इजराइली हमलों से अब तक राजधानी में 33,000 घरों को नुकसान पहुंचा है। इस नुकसान में कांच, दरवाजे और खिड़कियों जैसी छोटी-मोटी मरम्मत से लेकर बड़े पैमाने पर दोबारा निर्माण या पूरी तरह से नवीनीकरण तक शामिल है। उन्होंने बताया कि 1,869 परिवारों को रहने की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। 1,245 परिवारों को 23 अलग-अलग आवासीय परिसरों में स्थानांतरित कर दिया गया है। अंतिम सांस तक लड़ेंगेः खतम-अल अंबिया सैन्य कमांड मुख्यालय का कहना है कि अमेरिका और इजराइल को ईरान की सैन्य शक्ति का अंदाजा नहीं है। ईरान की सेना दुश्मन से अंतिम सांस तक लड़ेगी। कमांड के प्रवक्ता ने कहा, ”हमारी सैन्य शक्ति और उपकरणों के बारे में अमेरिका और इजराइल की जानकारी अधूरी है। हमारे रणनीतिक मिसाइल उत्पादन केंद्र, लंबी दूरी के हमलावर और सटीक निशाना लगाने वाले ड्रोन, आधुनिक हवाई सुरक्षा और इलेक्ट्रॉनिक युद्ध प्रणाली और विशेष उपकरणों का भंडार है। यह हमलों में नष्ट नहीं हुए हैं। जिन केंद्रों को निशाना बनाया गया वह मामूली थे।” अमेरिका और इजराइल का ईरान के खिलाफ 28 फरवरी को शुरू किया गया एकीकृत सैन्य अभियान खाड़ी के करीब करीब सभी देशों तक फैल चुका है। अमेरिकी-इजराइली हमलों के जवाब में ईरान ने इजराइल एवं खाड‍़ी में उसके मित्र देशों में स्थित सैन्य, नागरिक एवं व्यावसायिक ठिकानों पर हमले बढ़ा दिये हैं।

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