रांची। मोरहाबादी वेंडिंग जोन-2 में अनियमितताओं के खिलाफ रांची नगर निगम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 33 आवंटित दुकानों में अवैध किरायेदारी का खुलासा किया है। लंबे समय से मिल रही शिकायतों के बाद निगम ने व्यापक जांच और सत्यापन अभियान चलाया।
33 दुकानों में नियमों का उल्लंघन मिला
जांच में पाया गया कि कई आवंटित दुकानदार स्वयं व्यवसाय करने के बजाय अपनी दुकानें अन्य लोगों को किराये पर देकर दूसरे स्थानों पर कारोबार कर रहे हैं। निगम के अनुसार, 33 आवंटियों द्वारा नियमों के विरुद्ध दुकान या स्थल किराये पर देने की पुष्टि हुई है।
इसके अलावा 10 दुकानदारों ने बिना अनुमति शटर, शेड और स्थायी निर्माण कर लिया था, जबकि दो मामलों में एक ही परिवार के दो सदस्यों द्वारा अलग-अलग आवंटन लेकर व्यवसाय संचालित करने की बात सामने आई।
नोटिस जारी, आवंटन रद्द करने की तैयारी
नगर निगम ने संबंधित दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। साथ ही आवंटन रद्द करने और अन्य वैधानिक कार्रवाई भी की जा रही है। जांच में जिन लोगों के खिलाफ अनियमितताएं मिली हैं, उनमें संतोष मुंडा, फुलमनी मुंडा, मिथिलेश कुमार, रवि रंजन कुमार, छोटू वर्मा, सुमित चटर्जी और रंजीत कुमार सिंह सहित अन्य शामिल हैं।
वास्तविक स्ट्रीट वेंडरों को मिलेगा लाभ
नगर निगम ने स्पष्ट किया कि वेंडिंग जोन का उद्देश्य पात्र और वास्तविक स्ट्रीट वेंडरों को व्यवस्थित आजीविका उपलब्ध कराना है। किसी भी प्रकार की अवैध किरायेदारी, आवंटन का हस्तांतरण या सरकारी भूमि पर अतिक्रमण स्वीकार नहीं किया जाएगा।
नगर आयुक्त सुशांत गौरव ने कहा कि भविष्य में भी नियमित निरीक्षण और सत्यापन अभियान जारी रहेगा। जहां भी नियमों का उल्लंघन मिलेगा, वहां बिना किसी भेदभाव के सख्त कार्रवाई की जाएगी।
