रांची। राज्य के कई जिलों में शीतलहर के कारण लोग ठिठुरने को मजबूर हैं। सुबह और शाम कड़ाके की ठंड के चलते लोग अनावश्यक रूप से घरों से बाहर नहीं निकल रहे हैं। शाम ढलते ही राजधानी रांची की सड़कों पर वाहनों का आवागमन कम हो गया है। वहीं, गरीब तबके और सड़कों के किनारे दुकान लगाने वाले लोग अलाव जलाकर ठंड से बचाव कर रहे हैं। मौसम विभाग ने गुरुवार तक राज्य के दक्षिणी, पश्चिमी और इससे सटे मध्यवर्ती जिलों में कहीं-कहीं शीतलहर चलने की संभावना जताई है। इसे लेकर विभाग की ओर से येलो अलर्ट जारी किया गया है। हालांकि मौसम विभाग का कहना है कि शुक्रवार तक तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। इसके बाद शनिवार से न्यूनतम तापमान में धीरे-धीरे 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि हो सकती है। पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य में सबसे अधिक तापमान 24.8 डिग्री सेल्सियस चाईबासा में, जबकि सबसे कम तापमान 2.1 डिग्री सेल्सियस तोरपा में रिकॉर्ड किया गया। झारखंड इन दिनों प्रचंड ठंड की चपेट में है। ठंड की तीव्रता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि खूंटी जिले के तोरपा में न्यूनतम तापमान गिरकर 2.1 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। कांके में न्यूनतम तापमान 2.7 डिग्री और लोहरदगा में 3.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है।
