रांची। झारखंड में जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और विद्यार्थियों की मांगों के समर्थन में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने मंगलवार को विधानसभा घेराव का प्रयास किया। विधानसभा की ओर मार्च कर रहे कार्यकर्ताओं को पुलिस ने पुरानी विधानसभा के पास रोक दिया। इस दौरान पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किए जाने के बाद बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया गया।
राष्ट्रीय महामंत्री समेत 200 से अधिक कार्यकर्ता हिरासत में
एबीवीपी के अनुसार, विधानसभा घेराव के दौरान संगठन के राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. वीरेंद्र सिंह सोलंकी, राष्ट्रीय मंत्री अभय प्रताप सिंह, झारखंड प्रदेश मंत्री प्रकाश टूटी सहित 200 से अधिक कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया। सभी को खेलगांव स्थित कैंप जेल में रखा गया है।
संगठन ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं पर कथित लाठीचार्ज और हिरासत की कार्रवाई की निंदा करते हुए इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन बताया है।
पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था की मांग
झारखंड प्रदेश मंत्री प्रकाश टूटी ने कहा कि जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए। उन्होंने संदिग्ध परीक्षाओं को रद्द कर पारदर्शी प्रक्रिया के तहत दोबारा परीक्षा कराने और परीक्षा प्रणाली में तकनीकी, प्रशासनिक तथा संस्थागत सुधार लागू करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की आवाज को लाठीचार्ज और गिरफ्तारी के माध्यम से दबाया नहीं जा सकता। एबीवीपी पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था और विद्यार्थियों के अधिकारों के लिए अपना लोकतांत्रिक संघर्ष जारी रखेगा।
पुरानी विधानसभा के पास बढ़ा तनाव
विधानसभा घेराव को देखते हुए पुलिस ने पुरानी विधानसभा परिसर के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी थी। मार्च कर रहे प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने के दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया।


