रांची। राजधानी रांची के दीपाटोली रोड स्थित सुरेंद्रनाथ स्कूल के पीछे गुरुवार को आंधी-बारिश के दौरान बड़ा हादसा टल गया। एक विशाल पेड़ हाईटेंशन बिजली के तार और पोल समेत सड़क पर गिर गया, जिसकी चपेट में बच्चों से भरी एक स्कूल वैन आ गई। वैन में आठ बच्चे सवार थे, लेकिन चालक की सूझबूझ से सभी बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। घटना के बाद इलाके में करीब चार घंटे तक यातायात और बिजली आपूर्ति प्रभावित रही।
पेड़ और बिजली पोल वैन पर गिरा, चालक ने बचाई बच्चों की जान
जानकारी के अनुसार, हर्षित मिशन स्कूल की वैन बच्चों को घर छोड़ने निकली थी। सुबह करीब 11:40 बजे दीपाटोली रोड स्थित नीलकंठ अपार्टमेंट के पास अचानक तेज आवाज के साथ विशाल पेड़ हाईटेंशन तार और बिजली के पोल समेत वैन पर गिर पड़ा।
चालक प्रभु दयाल ने खतरे को भांपते हुए बच्चों को वैन के अंदर किसी भी लोहे की वस्तु को छूने से मना किया। इसके बाद वह सावधानीपूर्वक बाहर निकले और वैन के पिछले तथा अन्य दरवाजे खोलकर सभी आठ बच्चों को एक-एक कर सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हादसे में किसी भी बच्चे को चोट नहीं आई।
गैस पाइपलाइन और अपार्टमेंट को भी नुकसान
पेड़ गिरने से नीलकंठ अपार्टमेंट की बाउंड्रीवॉल, बालकनियों और गैस पाइपलाइन को भी नुकसान पहुंचा। पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने से गैस रिसाव शुरू हो गया, जिससे आसपास के लोगों में दहशत फैल गई। बाद में संबंधित एजेंसी की टीम ने मौके पर पहुंचकर गैस आपूर्ति बंद कर स्थिति को नियंत्रित किया। बोरिंग की पानी की पाइपलाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई।
हादसे में बिजली के तार टूट गए और दो बिजली के पोल भी क्षतिग्रस्त हो गए, जिससे दीपाटोली रोड और आसपास के क्षेत्रों की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। सड़क पर पेड़ और बिजली के तार हटाने के दौरान करीब चार घंटे तक वाहनों का परिचालन प्रभावित रहा। सूचना मिलने पर प्रशासन, नगर निगम और बिजली विभाग की टीम मौके पर पहुंची और राहत कार्य चलाकर रास्ता बहाल कराया।
जर्जर पेड़ों की कटाई की उठी मांग
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने जर्जर और कमजोर पेड़ों का सर्वे कर समय रहते उनकी छंटाई या कटाई कराने की मांग की। उनका कहना है कि बारिश और तेज हवा के दौरान ऐसे पेड़ कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं।
हर्षित मिशन स्कूल के प्राचार्य एच. केरकेट्टा ने कहा कि समय रहते बड़ा हादसा टल गया। उन्होंने प्रशासन से जर्जर पेड़ों की पहचान कर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की। वहीं स्थानीय लोगों ने अपार्टमेंट को हुए नुकसान की भरपाई की भी मांग उठाई।
