रामगढ़। जिले में 100 दिवसीय ‘टीबी मुक्त भारत अभियान’ के सफल समापन पर मंगलवार को टाउन हॉल में एक विशेष ‘निक्षय मित्र सम्मान सह पोषण पोटली वितरण समारोह’ का आयोजन किया गया। इस गौरवपूर्ण कार्यक्रम में समाज के प्रति संवेदनशीलता दिखाते हुए 173 निक्षय मित्रों ने टीबी मरीजों के पोषण सहयोग के लिए कुल 11 लाख छह हजार रुपये की भारी-भरकम राशि का योगदान दिया। इस एकत्रित राशि से गंभीर मरीजों को विशेष पोषण पोटलियां उपलब्ध कराई जाएंगी, ताकि इलाज के दौरान उनकी शारीरिक और पोषण संबंधी जरूरतों को पूरी मुस्तैदी से पूरा किया जा सके।
सामूहिक जिम्मेदारी से ही संभव है बीमारी का उन्मूलन: विधायक
समारोह को मुख्य रूप से संबोधित करते हुए बड़कागांव के विधायक रोशन लाल चौधरी ने कहा कि टीबी केवल स्वास्थ्य विभाग की बीमारी नहीं है, बल्कि इसे खत्म करना पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने निक्षय मित्रों की सराहना करते हुए कहा कि जनसहभागिता से बड़ी से बड़ी चुनौती को भी मात दी जा सकती है। इसी क्रम में मांडू के विधायक निर्मल महतो ने कहा कि टीबी पूरी तरह से उपचार योग्य बीमारी है और सही समय पर जांच व नियमित इलाज से इसे जड़ से समाप्त किया जा सकता है। उन्होंने सरकार द्वारा दी जा रही निःशुल्क चिकित्सा और पोषण सहायता का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचाने की बात कही।
अभियान के दौरान बड़े स्तर पर हुई स्क्रीनिंग और जागरूकता
समारोह में मौजूद रामगढ़ के उपायुक्त ऋतुराज ने जिला प्रशासन की प्रतिबद्धता दोहराते हुए बताया कि इस 100 दिवसीय विशेष अभियान के दौरान पूरे जिले में व्यापक स्तर पर संदिग्ध मरीजों की स्क्रीनिंग, सटीक जांच, त्वरित उपचार और सामाजिक जनजागरूकता कार्यक्रम चलाए गए हैं, जिसके बेहद सकारात्मक परिणाम देखने को मिले हैं। उन्होंने 11.06 लाख रुपये के जनसहयोग को समाज की एकजुटता का एक उत्कृष्ट उदाहरण बताया। इस भव्य कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त आशीष अग्रवाल, सीमित सर्जन डॉ. अनिल कुमार, जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ. स्वराज सहित कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे, जिन्होंने निक्षय मित्रों को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया।
