नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस ने उत्तर-पश्चिम जिले के महेंद्र पार्क थाना क्षेत्र से एक बांग्लादेशी नागरिक को गिरफ्तार किया है, जो अपनी पहचान छिपाने के लिए किन्नर का भेष बनाकर अवैध रूप से रह रहा था। पुलिस ने उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू करते हुए निर्वासन की प्रक्रिया भी आरंभ कर दी है।
पुलिस उपायुक्त आकांक्षा यादव ने शुक्रवार को बताया कि विदेशी नागरिक प्रकोष्ठ को सूचना मिली थी कि एनएस मंडी इलाके में एक संदिग्ध विदेशी नागरिक छिपकर रह रहा है। सूचना के आधार पर इंस्पेक्टर विपिन कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने छापेमारी कर संदिग्ध को हिरासत में लिया।
पूछताछ के दौरान वह भारत में रहने या यात्रा से जुड़े कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच में पुष्टि हुई कि वह बांग्लादेश का नागरिक है और अवैध रूप से भारत में रह रहा था।
पहचान छिपाने के लिए अपनाया किन्नर का भेष
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह रात के समय किन्नर का भेष धारण कर अपनी वास्तविक पहचान छिपाता था। उसने महिला जैसा दिखने के लिए जेंडर-अफर्मिंग सर्जरी कराई थी। वह साड़ी या सलवार-सूट पहनता, विग लगाता, मेकअप करता और महिलाओं जैसी आवाज व हाव-भाव अपनाकर लोगों को भ्रमित करता था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान एमडी अब्दुल अलीम उर्फ प्रीति (24) के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान उसके पास से एक स्मार्टफोन बरामद हुआ, जिसमें प्रतिबंधित आईएमओ ऐप इंस्टॉल था। फोन की गैलरी से बांग्लादेश के राष्ट्रीय पहचान संबंधी दस्तावेज भी मिले, जिनसे उसकी वास्तविक पहचान की पुष्टि हुई।
निर्वासन की प्रक्रिया शुरू
दिल्ली पुलिस ने विदेशी नागरिक अधिनियम समेत संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई करते हुए आरोपी को विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (एफआरआरओ) के समक्ष पेश किया। इसके बाद नियमानुसार उसे बांग्लादेश भेजने की निर्वासन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
पुलिस ने कहा कि राजधानी में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और कानून का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।

