मनीला। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच चीन और दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों के संगठन (आसियान) के विदेश मंत्रियों ने मध्य-पूर्व में जारी संघर्ष को तत्काल समाप्त करने की अपील की है। उन्होंने सभी पक्षों से संयम बरतने, बातचीत का रास्ता अपनाने और युद्धविराम का पालन करने का आग्रह किया।
संयुक्त बयान में शांति और बातचीत पर जोर
फिलीपींस की राजधानी मनीला में चीन और आसियान विदेश मंत्रियों की बैठक के बाद जारी संयुक्त बयान में कहा गया कि मध्य-पूर्व की बिगड़ती स्थिति से आम नागरिकों की सुरक्षा, क्षेत्रीय शांति, वैश्विक अर्थव्यवस्था, व्यापार, निवेश, ऊर्जा और खाद्य सुरक्षा पर गंभीर असर पड़ सकता है।
बयान में अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर के सिद्धांतों के अनुसार विवादों का समाधान बातचीत और कूटनीति के जरिए निकालने पर जोर दिया गया।
युद्धविराम के पालन की अपील
चीन और आसियान देशों ने अमेरिका और ईरान से युद्धविराम की शर्तों का सख्ती से पालन करने और इसे प्रभावी रूप से लागू करने की अपील की। विदेश मंत्रियों ने कहा कि सभी पक्ष बहुपक्षीय व्यवस्था के प्रति अपनी प्रतिबद्धता बनाए रखें और शांतिपूर्ण समाधान के लिए संवाद जारी रखें।
संयुक्त बयान में संघर्ष में शामिल सभी पक्षों से अधिकतम संयम बरतने, आम नागरिकों और नागरिक बुनियादी ढांचे की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा मानवीय सहायता की निर्बाध पहुंच बनाए रखने का आग्रह किया गया।
होर्मुज जलडमरूमध्य में नौवहन सुरक्षा पर चिंता
होर्मुज जलडमरूमध्य में बढ़ते तनाव को देखते हुए चीन और आसियान ने अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों में जहाजों की सुरक्षित और निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करने की जरूरत पर भी जोर दिया।
उन्होंने 1982 के संयुक्त राष्ट्र समुद्री कानून (यूएनसीएलओएस) के तहत सभी देशों की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का सम्मान करने तथा तनाव बढ़ाने वाली गतिविधियों से बचने की अपील की।


