शिमला। हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम (एचपीटीडीसी) नियमित पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए प्लेटिनम, गोल्ड और सिल्वर कार्ड योजना शुरू करने जा रहा है। इस योजना के तहत कार्डधारकों को निगम के होटलों में ठहरने और पर्यटन सेवाओं का लाभ लेने पर विशेष छूट एवं अन्य सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। निगम को उम्मीद है कि इससे पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ राजस्व में भी वृद्धि होगी।
एचपीटीडीसी के प्रबंध निदेशक राजीव कुमार ने बताया कि पर्यटन निगम को आर्थिक रूप से और अधिक मजबूत बनाने के लिए कई नई पहल की जा रही हैं। इसी कड़ी में प्लेटिनम, गोल्ड और सिल्वर कार्ड योजना शुरू की जा रही है। इनमें प्लेटिनम कार्ड की वैधता तीन वर्ष, गोल्ड कार्ड की दो वर्ष और सिल्वर कार्ड की एक वर्ष होगी। कार्डधारकों को निगम के होटलों और अन्य पर्यटन सेवाओं में विशेष रियायतें मिलेंगी।
होटलों की ऑक्यूपेंसी और राजस्व में बढ़ोतरी
राजीव कुमार ने बताया कि इस वर्ष पर्यटन सीजन की शुरुआत सामान्य से कुछ देर से हुई। पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में ग्रीष्मकालीन अवकाश 24 मई से शुरू होने के कारण पर्यटकों की आवाजाही भी अपेक्षाकृत देर से बढ़ी। इसके बावजूद एचपीटीडीसी के होटलों की औसत ऑक्यूपेंसी पिछले वर्ष के 63 प्रतिशत से बढ़कर करीब 70 प्रतिशत तक पहुंच गई है।
उन्होंने बताया कि निगम के राजस्व में भी लगभग सात प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है, जो पर्यटन गतिविधियों में बढ़ोतरी का सकारात्मक संकेत है।
भीषण गर्मी से राहत पाने हिमाचल पहुंच रहे पर्यटक
प्रबंध निदेशक ने कहा कि मैदानी क्षेत्रों में पड़ रही भीषण गर्मी से राहत पाने के लिए बड़ी संख्या में पर्यटक हिमाचल प्रदेश का रुख कर रहे हैं। इसका सीधा लाभ होटल कारोबार और पर्यटन उद्योग को मिल रहा है। आने वाले दिनों में पर्यटकों की संख्या और बढ़ने की संभावना है।
ऑनलाइन बुकिंग और आईआरसीटीसी से समझौते की तैयारी
पर्यटन निगम अब ऑनलाइन बुकिंग को बढ़ावा देने पर भी विशेष ध्यान दे रहा है। इसके लिए विभिन्न डिजिटल मंचों के साथ समझौते किए गए हैं। जल्द ही भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) के साथ भी करार किया जाएगा।
राजीव कुमार ने कहा कि आईआरसीटीसी के साथ साझेदारी होने से एचपीटीडीसी की पहुंच देशभर के करोड़ों संभावित पर्यटकों तक बनेगी, जिससे हिमाचल के पर्यटन उद्योग को नई गति मिलेगी।
मानसून को लेकर पर्यटकों से की अपील
मानसून सीजन को लेकर उन्होंने कहा कि कई बार सोशल मीडिया पर छोटी घटनाओं को बढ़ा-चढ़ाकर प्रस्तुत किया जाता है, जिससे पर्यटकों में अनावश्यक भय पैदा होता है। जबकि प्रशासन सड़क, बिजली और अन्य आवश्यक सेवाओं को शीघ्र बहाल कर देता है।
उन्होंने पर्यटकों से अपील की कि वे किसी भी तरह की अफवाह या भ्रम से प्रभावित न हों और हिमाचल प्रदेश की यात्रा को लेकर निश्चिंत रहें।
