जमशेदपुर। जिले के बिष्टुपुर थाना क्षेत्र स्थित ‘डबल डाउन बार’ में हुई चाकूबाजी की घटना ने अब बड़ा रूप ले लिया है। इस हमले में गंभीर रूप से घायल युवक हिमांशु सिंह की सोमवार देर शाम टीएमएच (TMH) अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत की खबर फैलते ही आक्रोशित लोगों ने बिष्टुपुर थाने के सामने सड़क जाम कर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी और हंगामा किया। मामले को बढ़ता देख एसएसपी पीयूष पांडे ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मौके पर मौजूद तीन पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है।
पीसीआर वैन से खींचकर युवक को मारा था चाकू
यह पूरी घटना 27 जून की रात की है, जब डबल डाउन बार में दो गुटों के बीच किसी बात को लेकर हिंसक मारपीट शुरू हो गई थी। बार से बाहर निकलने के बाद विवाद और ज्यादा बढ़ गया। इस दौरान अपनी जान बचाने के लिए हिमांशु सिंह वहां खड़ी पुलिस की पीसीआर (PCR) वैन के अंदर घुस गया। लेकिन पुलिस की मौजूदगी के बावजूद दूसरे गुट के हमलावर युवकों ने हिमांशु को वैन से घसीटकर बाहर निकाला और उस पर चाकुओं से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। इस घटना में दो युवक गंभीर रूप से घायल हुए थे, जिनमें से हिमांशु ने दम तोड़ दिया।
थाने के सामने शव रखकर प्रदर्शन, थाना प्रभारी को हटाने की मांग
हिमांशु की मौत से गुस्साए परिजनों और स्थानीय लोगों की भीड़ बिष्टुपुर थाने के घेराव के लिए सड़क पर उतर आई। प्रदर्शनकारी बिष्टुपुर थाना प्रभारी को सस्पेंड करने, घटनास्थल पर मूकदर्शक बने रहे पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई करने और हत्या में शामिल सभी अपराधियों की अविलंब गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। हंगामे के कारण बिष्टुपुर मुख्य मार्ग पर काफी देर तक आवागमन पूरी तरह ठप रहा।
एसएसपी का बड़ा एक्शन: दो एएसआई समेत तीन पुलिसकर्मी निलंबित
मामले की गंभीरता और जनता के आक्रोश को देखते हुए एसएसपी पीयूष पांडे ने डीएसपी स्तर के अधिकारियों की एक विशेष जांच टीम गठित की थी। जांच रिपोर्ट में साफ हुआ कि यदि मौके पर मौजूद गश्ती दल ने सूझबूझ और तत्परता दिखाई होती, तो युवक की जान बचाई जा सकती थी। पुलिसकर्मियों द्वारा अपनी ड्यूटी में घोर लापरवाही बरतने की पुष्टि होने के बाद एसएसपी ने कड़ा कदम उठाया।
इस लापरवाही के आरोप में गश्ती दल में शामिल निम्नलिखित तीन पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है:
- रतन कुमार दास (असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर – ASI)
- राजेश कुमार रंजन (असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर – ASI)
- मनोज कुमार (आरक्षी संख्या- 913)
एसएसपी पीयूष पांडे ने बताया कि तीनों पुलिसकर्मियों को निलंबित कर विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस पूरे मामले में जो भी अपराधी या दोषी शामिल है, उसे किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही सभी आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
