कानपुर। उत्तर प्रदेश के कानपुर में पुलिस कमिश्नर आवास के पास कराटे खिलाड़ी अरविंद पासवान (45) को गोली मारने के मामले का पुलिस ने महज 20 घंटे के भीतर सनसनीखेज खुलासा कर दिया है। सोमवार देर रात टेप्को मिल परिसर में हुई एक पुलिस मुठभेड़ के दौरान दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि उनका तीसरा साथी अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल रहा। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में मुख्य आरोपी के पैर में गोली लगी है, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
बीयर के पैसों के विवाद में मारी थी पेट में गोली
डीसीपी सेंट्रल अतुल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि यह वारदात 28-29 जून की दरम्यानी रात ग्वालटोली क्षेत्र में हुई थी। कराटे खिलाड़ी अरविंद पासवान अपने साथियों के साथ मैदान में मौजूद थे, तभी वहां अनुराग खुराना उर्फ शैबी, हरि सिंह उर्फ शुभम और उनके अन्य साथी पहुंच गए। आरोपियों ने अरविंद से बीयर के लिए पैसे मांगे, जिसे लेकर विवाद शुरू हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि शुभम ने तमंचे से अरविंद के पेट में गोली मार दी। घायल खिलाड़ी को तुरंत हैलट अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां ऑपरेशन के बाद उनकी हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है।
टेप्को मिल परिसर में घेराबंदी, पुलिस पर की फायरिंग
इस दुस्साहसिक वारदात के बाद पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल के निर्देश पर ग्वालटोली थाना, कर्नलगंज थाना और सेंट्रल जोन की स्वाट (SWAT) टीम को आरोपियों की धरपकड़ के लिए लगाया गया था। सोमवार देर रात पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी टेप्को मिल परिसर के खंडहरों में छिपे हुए हैं। जैसे ही पुलिस टीम ने घेराबंदी शुरू की, आरोपियों ने पुलिस पर सीधे फायरिंग झोंक दी।
मुख्य आरोपी के पैर में लगी गोली, तीसरा साथी फरार
पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें मुख्य आरोपी हरि सिंह उर्फ शुभम के दाहिने पैर में गोली लगी और वह जमीन पर गिर गया। पुलिस ने उसे तुरंत दबोच लिया। वहीं मौके पर मौजूद दूसरे आरोपी अनुराग खुराना उर्फ शैबी को भी पुलिस ने घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया, जबकि उनका तीसरा साथी ऋषभ उर्फ मांगू अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भागने में सफल रहा।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से वारदात में इस्तेमाल अवैध तमंचा, कारतूस और अन्य साक्ष्य बरामद कर लिए हैं। पूछताछ में दोनों ने अरविंद पर जानलेवा हमला करने की बात कबूल की है। फिलहाल पुलिस फरार आरोपी ऋषभ की तलाश में जगह-जगह दबिश दे रही है और पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
