ग्लासगो। भारत की युवा जूडोका अस्मिता डे ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए महिलाओं के 48 किलोग्राम वर्ग का स्वर्ण पदक जीत लिया। त्रिपुरा की 23 वर्षीय अस्मिता ने फाइनल में कनाडा की हाइडी क्वाच को युको (2-1) से हराकर भारत को इस संस्करण का जूडो में पहला स्वर्ण पदक दिलाया।
फाइनल मुकाबले की शुरुआत बेहद संघर्षपूर्ण रही। दोनों खिलाड़ियों के बीच मैट पर लगातार जोरदार मुकाबला देखने को मिला। मुकाबले के दौरान कनाडाई खिलाड़ी क्वाच ने 2 मिनट 35 सेकंड पर पिन के जरिए पहला अंक हासिल कर बढ़त बना ली।
गोल्डन स्कोर में दर्ज की ऐतिहासिक जीत
अस्मिता ने शानदार वापसी करते हुए तेज थ्रो और पिन के जरिए बराबरी का अंक हासिल किया। नियमित समय तक दोनों खिलाड़ी बराबरी पर रहीं, जिसके बाद मुकाबला गोल्डन स्कोर में पहुंच गया।
गोल्डन स्कोर में अस्मिता ने संयम और बेहतरीन तकनीक का प्रदर्शन करते हुए 4 मिनट 25 सेकंड पर शानदार पिन लगाकर निर्णायक अंक हासिल किया और स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया।
जीत के बाद अस्मिता ने दर्शकों का अभिवादन किया और अपनी ऐतिहासिक सफलता का जश्न मनाया। इस स्वर्ण पदक के साथ उन्होंने राष्ट्रमंडल खेलों में जूडो में भारत का पहला स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रच दिया।
अस्मिता की जीत के कुछ ही समय बाद पुरुषों के 60 किलोग्राम वर्ग में हर्ष सिंह ने ऑस्ट्रेलिया के जोशुआ कैट्ज को हराकर भारत को जूडो में लगातार दूसरा स्वर्ण पदक दिलाया।


